
मुर्शिदाबाद। टीएमसी से सस्पेंड विधायक हुमायूं कबीर आखिर नहीं माने और शनिवार दोपहर पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले स्थित बेलडांगा में बाबरी मस्जिद की आधारशिला रख दी। इस मौके पर हुमायूं कबीर के समर्थक ईंटें लेकर वहां पहुंचे थे। हुमायूं कबीर ने बाबरी मस्जिद विध्वंस की बरसी पर मुर्शिदाबाद में इसी नाम से मस्जिद बनाने का एलान किया था। इस पर राज्य में सियासत गर्माई है।
बीजेपी और ममता बनर्जी की टीएमसी के बीच जुबानी जंग तेज है। बीजेपी नेता अमित मालवीय ने आरोप लगाया है कि सीएम और टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी राजनीतिक फायदे के लिए हुमायूं कबीर का इस्तेमाल कर रही हैं। वहीं, टीएमसी ने कहा है कि हुमायूं कबीर बीजेपी के इशारे पर काम कर रहे हैं।
अमित मालवीय ने ये भी दावा किया है कि बाबरी मस्जिद के लिए ईंट लेकर पहुंचे समर्थकों के बारे में हुमायूं कबीर का कहना है कि उनको पुलिस से सुरक्षा मिल रही है। बीजेपी नेता ने मुर्शिदाबाद को सांप्रदायिक तौर पर बहुत संवेदनशील बताया है। उनका कहना है कि हालात बिगड़ने पर नेशनल हाइवे नंबर 12 पर असर पड़ेगा। इससे पश्चिम बंगाल की कानून-व्यवस्था और राष्ट्रीय सुरक्षा पर भी बड़े खतरे की उन्होंने चेतावनी दी है।
वहीं, पश्चिम बंगाल बीजेपी के वरिष्ठ नेता दिलीप घोष ने हुमायूं कबीर की तरफ से बाबरी मस्जिद के शिलान्यास को वोट बैंक की राजनीति बताया है। दिलीप घोष ने कहा कि अगले साल पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के कारण टीएमसी हुमायूं कबीर को फ्रीलांसर की तरह इस्तेमाल कर सांप्रदायिक माहौल भड़काने की कोशिश में है।
बीजेपी की ओर से निशाना साधे जाने के बाद बाबरी मस्जिद मामले में टीएमसी भी मैदान में उतर गई। अब तक टीएमसी के नेता इस बारे में ज्यादा कुछ नहीं कह रहे थे। अब टीएमसी की तरफ से कहा गया है कि बीजेपी और आरएसएस की मदद से हुमायूं कबीर मुर्शिदाबाद में अशांति फैलाने की कोशिश में हैं।
टीएमसी के एक नेता ने कहा कि बीजेपी के एजेंट की तरह कबीर काम कर रहे और लोगों में वो भड़काने वाले संदेश देना चाहते हैं। टीएमसी नेता ने उम्मीद जताते हुए कहा कि मुर्शिदाबाद के लोग शांति चाहते हैं और इस तरह की कोशिशों को समर्थन नहीं देंगे। इससे पहले गुरुवार को हुमायूं कबीर ने कहा था कि पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी आरएसएस के इशारों पर काम कर रही हैं।




