
नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने असम के गोलपारा में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए प्रदेश में यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) कानून लाने की बात कही। अमित शाह ने कहा, असम की संस्कृति को हम आगे बढ़ाना चाहते हैं। असम में घुसपैठियों की संख्या बहुत बढ़ चुकी है। मैं कहना चाहता हूं कि बीजेपी की सरकार बना दो असम में हम यूसीसी लागू करेंगे, उसके बाद यहां कोई चार शादी नहीं कर पाएगा। यूसीसी को लेकर कांग्रेस पार्टी आदिवासियों को डराती है लेकिन मैं आज यह घोषणा करता हूं कि आदिवासी भाई बहनों को यूसीसी से बाहर रखा जाएगा। यूसीसी किसके लिए लगाना है यह हमें मालूम है।
शाह ने कहा, असम में ढेर सारी भूमि पर घुसपैठिए कब्जा जमाए बैठे हैं। कांग्रेस की सरकारों ने असम को घुसपैठियों के हवाले कर दिया था। ये घुसपैठिए असम के गरीबों की जमीन छीन रहे थे, हमारे लोगों की जमीनों पर कब्जा कर रहे थे। हमारे युवाओं का रोजगार छीन रहे थे और गरीब के चावल में भी ये घुसपैठिए हिस्सेदारी मांग रहे थे। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा और बीजेपी सरकार ने पांच साल में डेढ़ लाख एकड़ भूमि को घुसपैठियों से मुक्त कराने का काम किया है। आप एक बार और यहां भाजपा सरकार बना दो, पूरे असम को घुसपैठियों से मुक्त कराने का काम हम करेंगे।
इससे पहले कामरूप में रैली के दौरान अमित शाह ने गांधी परिवार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, ये गांधी परिवार और नेहरू परिवार पहले से ही असम के लिए अच्छा नहीं है। 1962 में चीन ने आक्रमण किया और जवाहरलाल नेहरू ने असम को टाटा बाय-बाय कर दिया। क्यों भई, ये क्या आपके पिताजी का असम है? आज मैं कहकर जा रहा हूं कि असम की एक इंच भूमि को कोई हथिया नहीं सकता है, ये भारत का असम है।




